
जमानियां (गाजीपुर)। गंगा में बाढ़ की विभिषिका से तटवर्ती इलाकों में दहशत का माहौल व्याप्त है। गंगा के बाढ़ का पानी आबादी क्षेत्रों सहित सम्पर्क मार्ग को भी अपने आगोश में लेना शुरू कर दिया है। गंगा का जलस्तर खतरा बिन्दु 63.105 से 1.235 मीटर ऊपर हो गया है। गंगा का जलस्तर एक सेंटीमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से बढ़ रहा है। सोमवार की शाम 5बजे तक गंगा का जलस्तर 64.440 मीटर हो गया है, जबकि उच्च स्तर 65.220 है।
नगर के जमदग्नि-परशुराम गंगा घाट स्थित रामलीला मैदान बाढ़ के पानी से पूरी तरह डूब गया है। बाढ़ का पानी सेंट मेरी स्कूल के बाउट्टी सहित बडेसर के पास एनएच 97(24) को छूने को आतुर हो गई है। देवरिया स्थित पुलिस चौकी सहित प्राथमिक विद्यालय बाढ़ से घिर चुका है। पुलिस चौकी को देवा बैरनपुर स्थित पतंजलि विद्यापीठ में अस्थाई रूप से स्थानांतरित कर दिया गया है। कालनपुर, रघुनाथपुर बाड़, सबलपुर बाड़, मतसा बाड़, देवरिया बाड़, मतसा बाड़, खावपुरा, पासैयदराजा, सरैया, देवा बैरनपुर, घाटनपुर, बैकुंठपुर, गरुआ मकसूदपुर, भगीरथपुर जैसे गांवों की सिवान में सैकड़ों बीघा फसल जलमग्न हो चुका हैं। बाढ़ की त्रासदी झेल रहे बाड़ इलाके के लोग पशुओं को लेकर ऊँचे स्थान पर पहुंच रहे है। बाढ़ के कारण हरा चारा डूबने लगा है वही जलस्तर बढ़ाव पर होने से अब भूसा भी भीगने का डर सता रहा है। उपजिलाधिकारी और तहसील प्रशासन लगातार गंगा के तटवर्ती इलाकों की निगरानी कर रहा है, तथा बाढ़ से निपटने के लिए राजस्व विभाग की ड्यूटी भी लगा दिया है। पूर्व मंत्री व विधायक ओमप्रकाश सिंह के प्रतिनिधि मन्नू सिंह ने बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का दौरा कर बाढ़ पीडितों का हाल जाना तथा आवश्यक मदद का भरोसा दिया। वही एसडीएम ज्योति चौरसिया ने जीवपुर इंटर कॉलेज, रामपुर पट्टी सरनाम खां, मलसा इण्टर कालेज सुहवल इण्टर कॉलेज बाढ शरणालय स्थल एवं बाढ चौकियों का निरीक्षण कर तथा आवश्यक दिशा निर्देश दिया।



