
गाजीपुर। जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला एवं मुख्य विकास अधिकारी आलोक प्रसाद ने विकास खंड मनिहारी में निर्माणाधीन मुख्यमंत्री मॉडल कंपोजिट स्कूल का संयुक्त रूप से स्थलीय निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने विद्यालय भवन के निर्माण कार्यों की प्रगति, गुणवत्ता तथा निर्धारित समयसीमा के अनुसार कार्यों के निष्पादन की समीक्षा की।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने निर्माणाधीन भवन के विभिन्न हिस्सों का अवलोकन किया और कार्यदायी संस्था से निर्माण कार्य की वर्तमान स्थिति की जानकारी प्राप्त की। उन्होंने निर्माण सामग्री की गुणवत्ता, सुरक्षा मानकों तथा तकनीकी मानकों का विशेष ध्यान रखने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने कहा कि मुख्यमंत्री मॉडल कंपोजिट स्कूल शासन की एक महत्वाकांक्षी योजना है, जिसका उद्देश्य विद्यार्थियों को आधुनिक सुविधाओं से युक्त गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराना है।
उन्होंने बताया कि यह विद्यालय अटल आवासीय विद्यालय की तर्ज पर बनाया जा रहा है, जहां कक्षा 1 से 12 तक के विद्यार्थियों के लिए एक ही परिसर में अध्ययन की व्यवस्था होगी। विद्यालय का निर्माण कार्य नवंबर तक पूरा होने की संभावना है। उन्होंने बताया कि निर्माण की गुणवत्ता की जांच एमएनआईटी प्रयागराज से कराई जा चुकी है और रिपोर्ट संतोषजनक पाई गई है। भविष्य में गुणवत्ता में किसी प्रकार की कमी मिलने पर कार्यदायी संस्था के खिलाफ अनुबंध के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।
जिलाधिकारी ने निर्माण कार्य की धीमी गति पर नाराजगी जताते हुए मजदूरों की संख्या बढ़ाकर कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए। वहीं मुख्य विकास अधिकारी आलोक प्रसाद ने निर्माण कार्यों की प्रगति पर संतोष व्यक्त करते हुए नियमित निरीक्षण और निगरानी बनाए रखने को कहा। उन्होंने विद्यालय में स्मार्ट कक्षाएं, पुस्तकालय, प्रयोगशाला, खेल मैदान, स्वच्छ पेयजल एवं शौचालय जैसी सुविधाएं उच्च मानकों के अनुरूप विकसित करने पर जोर दिया।
इसके बाद जिलाधिकारी ने केजीबीवी मनिहारी के एकेडमिक ब्लॉक निर्माण कार्य का भी निरीक्षण किया और गुणवत्ता के साथ निर्धारित समय सीमा में कार्य पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि निर्माण कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही या गुणवत्ता से समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।




