अष्टभुजी कॉलोनी में फायरिंग कर दहशत फैलाने वाले शातिर 24 घंटे में दबोचे गए

मुख्तार गैंग से जुड़ा हिस्ट्रीशीटर अमित राय और उसका साथी गिरफ्तार, पिस्टल व कारतूस बरामद
गाजीपुर। शहर कोतवाली क्षेत्र के अष्टभुजी कॉलोनी में घर के बाहर फायरिंग कर दहशत फैलाने वाले कुख्यात हिस्ट्रीशीटर अमित राय को उसके साथी समेत कोतवाली पुलिस ने महज 24 घंटे के भीतर गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने दोनों के कब्जे से एक .32 बोर की पिस्टल और चार जिंदा कारतूस बरामद किए हैं। आरोपी अमित राय का नाम पहले भी कई संगीन आपराधिक घटनाओं में सामने आ चुका है और उसके खिलाफ हत्या, लूट, रंगदारी, गैंगस्टर तथा आर्म्स एक्ट समेत करीब 26 मुकदमे दर्ज हैं।
पुलिस के अनुसार, दो जुलाई की भोर करीब 3:40 बजे बाइक सवार दो युवक अष्टभुजी कॉलोनी स्थित प्रवीण कुमार उपाध्याय के घर पहुंचे। दोनों ने गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की नीयत से फायरिंग कर इलाके में दहशत फैला दी। घटना के बाद पीड़ित की तहरीर पर कोतवाली में मुकदमा दर्ज कर पुलिस टीमों को आरोपियों की गिरफ्तारी में लगाया गया।
जांच और सर्विलांस के आधार पर कोतवाली पुलिस ने शुक्रवार को सुखदेवपुर तिराहे से जोगामुसाहिब, करीमुद्दीनपुर निवासी अमित राय (36) और आयुष राय (21) को गिरफ्तार कर लिया। तलाशी के दौरान उनके पास से अवैध पिस्टल और कारतूस बरामद किए गए।
एएसपी सिटी राकेश कुमार मिश्रा ने कहा कि अष्टभुजी कॉलोनी में फायरिंग की घटना को पुलिस ने गंभीरता से लिया था। घटना के 24 घंटे के भीतर दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। गिरफ्तार मुख्य आरोपी अमित राय एक हिस्ट्रीशीटर अपराधी है, जिसके विरुद्ध कई गंभीर मुकदमे दर्ज हैं। जनपद में कानून-व्यवस्था बिगाड़ने और दहशत फैलाने वाले तत्वों के खिलाफ सख्त कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।
2016 की चर्चित हत्या में भी है आरोपी:
पुलिस के मुताबिक, अमित राय वर्ष 2016 में प्रवीण कुमार उपाध्याय के पिता की गोली मारकर हत्या करने के मामले में भी नामजद है। भांवरकोल थाने में दर्ज इस चर्चित हत्याकांड में उसके खिलाफ हत्या, हत्या के प्रयास और आर्म्स एक्ट की गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज है। पुलिस का मानना है कि पुरानी रंजिश ही ताजा फायरिंग की घटना की वजह बनी।
कौन है अमित राय:
अमित राय थाना करीमुद्दीनपुर का शातिर हिस्ट्रीशीटर है। उसके खिलाफ गाजीपुर, अयोध्या समेत प्रदेश के विभिन्न जनपदों और बिहार में हत्या, हत्या का प्रयास, लूट, छिनैती, रंगदारी, गैंगस्टर और अवैध असलहा रखने जैसे मामलों में करीब 26 मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस रिकॉर्ड में वह लंबे समय से सक्रिय और दुर्दांत अपराधी के रूप में चिन्हित है।
गिरफ्तारी करने वाली टीम:
प्रभारी निरीक्षक प्रमोद कुमार सिंह के नेतृत्व में कोतवाली पुलिस टीम ने कार्रवाई को अंजाम दिया।



