मैनपुर विद्युत उपकेंद्र की बदहाल आपूर्ति से ग्रामीणों ने जाम किया गाजीपुर-चोचकपुर मार्ग

करंडा। मैनपुर विद्युत उपकेंद्र से लगातार खराब विद्युत आपूर्ति से परेशान ग्रामीणों का मंगलवार को आक्रोश फूट पड़ा। सुबह करीब नौ बजे सैकड़ों ग्रामीण गाजीपुर-चोचकपुर मार्ग पर उतर आए और सड़क जाम कर धरना-प्रदर्शन शुरू कर दिया। करीब पांच घंटे तक चले प्रदर्शन से मार्ग पर आवागमन प्रभावित रहा। ग्रामीणों का आरोप है कि पिछले चार महीने से क्षेत्र में विद्युत आपूर्ति निर्धारित शेड्यूल के अनुसार नहीं हो रही है। कभी 15 घंटे, कभी आठ घंटे तो कभी महज दो-तीन घंटे ही बिजली मिल रही है।
करंडा ब्लॉक के चोचकपुर, करंडा, नागाबाबा और मैनपुर विद्युत उपकेंद्रों से करीब 50 गांवों और मजरों में विद्युत आपूर्ति की जाती है। ग्रामीणों का कहना है कि शिकायत करने पर हर बार जौहरगंज की मेन लाइन में खराबी का हवाला दिया जाता है। वहीं उपकेंद्रों पर तैनात कर्मचारियों पर भी मनमाने ढंग से विद्युत आपूर्ति करने का आरोप लगाया गया। ग्रामीणों के मुताबिक रात्रि में स्थिति और भी खराब रहती है।
चार माह में कई बार हुआ धरना-प्रदर्शन
ग्रामीणों के अनुसार 21 मई को मैनपुर उपकेंद्र पर करीब आठ घंटे धरना-प्रदर्शन के बाद अधिशासी अभियंता ने 18 घंटे विद्युत आपूर्ति का लिखित आश्वासन दिया था। इसके बाद 28 जुलाई को नागाबाबा उपकेंद्र पर ग्रामीणों ने धरना-प्रदर्शन के साथ तालाबंदी की। आश्वासन मिलने पर प्रदर्शन समाप्त हुआ। पांच अगस्त को चोचकपुर उपकेंद्र पर भी करीब छह घंटे धरना दिया गया, जहां अधिकारियों ने पुनः 18 घंटे विद्युत आपूर्ति का लिखित आश्वासन दिया था।
ग्रामीणों का कहना है कि बार-बार दिए जा रहे लिखित आश्वासन के बावजूद व्यवस्था में सुधार नहीं हुआ। मंगलवार को इसी से नाराज होकर ग्रामीण सड़क पर उतर आए। सूचना पर पहुंचे अधिशासी अभियंता सुधाकर सिंह ने पुनः आश्वासन दिया कि उपकेंद्र पर 24 घंटे विद्युत व्यवस्था उपलब्ध रहेगी और क्षेत्र में 18 घंटे विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित की जाएगी। आश्वासन के बाद ग्रामीणों ने धरना समाप्त कर दिया।
मौके पर नायब तहसीलदार दिनेश चंद्र श्रीवास्तव, कानूनगो रविन्द्र गुप्ता, मांझा कोतवाली पुलिस और करंडा पुलिस मौजूद रही। प्रदर्शन में अंकुर कुमार सिंह, अनुराग, जयप्रकाश सिंह, सुरैली, सूरज पाल सिंह, अनुप सिंह, विवेक सिंह, गोलू सिंह, दीपक, बालेश्वर सिंह, दिपु सिंह, राजू सिंह, पुष्कर सिंह समेत सैकड़ों ग्रामीण मौजूद रहे।



