आदर्श नगर पालिका में व्याप्त भ्रष्टाचार और बेतहाशा गृहकर वृद्धि के विरोध में सभासदों का धरना
जमानिया। नगर पालिका परिषद में गृहकर वृद्धि, भ्रष्टाचार और कथित तानाशाही के विरोध में नगर पालिका अध्यक्ष जयप्रकाश गुप्ता के खिलाफ सोमवार को सभासदों का आक्रोश फूट पड़ा है। नाराज सभासदों ने नगर पालिका परिसर में अनिश्चितकालीन धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया है। सभासद राजा चौधरी, प्रमोद यादव, उमरॉव यादव सहित 20 से अधिक सभासदों ने जिलाधिकारी को 11 सूत्रीय मांग पत्र भेजते हुए मांगें पूरी न होने पर सामूहिक इस्तीफे की चेतावनी दी है।
मांग पत्र में सभासदों ने जनता पर लादे गए भारी गृहकर और ट्रेड टैक्स को तत्काल समाप्त करने, दाखिल-खारिज में अवैध वसूली पर रोक लगाने तथा चहेते ठेकेदारों को दिए जा रहे एकतरफा टेंडर पर रोक लगाकर टेंडर प्रक्रिया में पारदर्शिता लाने की मांग की है। इसके अलावा आउटसोर्सिंग कर्मियों के पीएफ खाते का दो वर्ष का विवरण देने, साफ-सफाई व्यवस्था दुरुस्त करने, नक्शा पास कराने की दर कम करने, वार्ड नंबर 19 के निर्माण कार्यों और बलुआ घाट पर निजी जमीन पर बन रहे विश्रामालय की तकनीकी व न्यायिक जांच कराने की मांग शामिल है। साथ ही कोरम के अभाव में स्थगित 15 अप्रैल 2026 की बोर्ड बैठक को दोबारा बुलाने की मांग की गई है। सभासदों का आरोप है कि अध्यक्ष द्वारा बंद कमरे में मनमाने प्रस्ताव बनाकर जनता पर 100 गुना तक टैक्स का बोझ लाद दिया गया है। वहीं दूसरी ओर नगर पालिका अध्यक्ष जयप्रकाश गुप्ता ने सभी आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि कर निर्धारण का फैसला बोर्ड बैठक में सर्वसम्मति और शासनादेश के तहत हुआ था। अध्यक्ष ने आरोप लगाया कि कुछ सभासद अपने निजी लाभ और दबाव बनाने के लिए जनता को गुमराह कर धरने पर बैठे हैं।





